ताज़ा खबर :
prev next

दीवाली से पहले ही लोगों का दम घोंट रही है गाज़ियाबाद की आबोहवा

आज सुबह आंखें खोलते ही गाज़ियाबाद के निवासियों को स्मॉग भरे वातावरण से दो-चार होना पड़ा। सबसे ज्यादा समस्या छोटे बच्चों और सुबह-सवेरे ही काम पर निकालने वाले लोगों को हुई। ज़्यादातर लोगों ने बताया कि उन्हें आँखों में तेज़ जलन और सांस लेने में कठिनाई हो रही है। दरअसल गाज़ियाबाद से सारे एनसीआर क्षेत्र में कई जगहों पर हवा की क्वॉलिटी खतरनाक स्तर पर पहुंच गई है। गिरते हुए तापमान ने स्थिति को और खराब बना दिया है।
डीपीएस राजनगर की एडमिन मैनेजर विभा शर्मा ने बताया कि हालांकि रविवार को मौसम काफी अच्छा था, मगर आज सुबह जब वे स्कूल जाने के लिए निकलीं तो सड़क पर कोहरे व स्मॉग को देखकर हैरान थी। उन्होंने बताया कि स्मॉग के कारण विजिबिलिटी काफी कम थी। सवेरे सैर पर जाने की आदी सुप्रीम कोर्ट की वकील सुनाक्षी गुप्ता ने भी आज सेंट्रल पार्क की सैर की अपेक्षा घर पर ही व्यायाम करना बेहतर समझा।
आपको बता दें कि आज सुबह दिल्ली के मंदिर मार्ग इलाके का एयर क्वॉलिटी इंडेक्स 707 दर्ज किया गया, मेजर ध्यान चंद स्टेडियम में हवा की गुणवत्ता 676 रही और जवाहर लाल नेहरू स्टेडियम की 681। एयर क्वॉलिटी के ये स्तर ‘खतरनाक’ की कैटिगरी में आते हैं। रविवार को सबसे साफ हवा गाजियाबाद वालों को मिली, जहां एयर इंडेक्स महज 142 रहा। इसका श्रेय गाज़ियाबाद के उद्यमियों और निवासियों को जाता है जो जिलाधिकारी रितु माहेश्वरी और उद्यमी संगठन आईएएमए के महासचिव अनिल गुप्ता की अपील पर अपने-अपने घरों और प्रतिष्ठानों के बाहर नियमित छिड़काव कर रहे हैं। जिला प्रशासन और गाज़ियाबाद नगर निगम के द्वारा भी गाज़ियाबाद की सड़कों पर लगातार पानी का छिड़काव किया जा रहा है।
मौसम विभाग के अनुसार हिमालय क्षेत्र में सक्रिय वेस्टर्न डिस्टर्बेंस की वजह से पहाड़ों पर बर्फबारी हुई और गाज़ियाबाद में हवाओं की दिशा बदली, जिसके कारण शनिवार शाम से ही ठंडी हवाएं चलने लगी थीं, तभी से लोगों को हलकी ठंड का अहसास होने लगा था।

व्हाट्सएप के माध्यम से हमारी खबरें प्राप्त करने के लिए यहाँ क्लिक करें।

हमारा न्यूज़ चैनल सबस्क्राइब करने के लिए यहाँ क्लिक करें।
Follow us on Facebook http://facebook.com/HamaraGhaziabad
Follow us on Twitter http://twitter.com/HamaraGhaziabad

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *