ताज़ा खबर :
prev next

आर्गेनिक खेती में चाचा भतीजा कर रहे हैं कमाल, देशी तरीके से उग रही हैं विदेशी सब्जियां

Organic Farming in Meerut मेरठ छज्जेपुर गांव में इंजीनियर मनीष पारंपरिक तरीके से यूरोपीयन सब्जी केल और पासर्ले उगा रहे हैं। बताते हैं कि उन्होंने टमाटर धनिया पुदीना शिमला मिर्च खीरा पालक मटर लौकी बैंगन और भिंडी को बिना किसी केमिकल की सहायता से उगाया।

मेरठ, जेएनएन। बढ़ते वजन को लेकर अक्सर लोग परेशान रहते हैं, कोरोना काल ने इस परेशानी को अधिक बढ़ा दिया है। एक ओर वजन बढऩे का डर तो दूसरी ओर कोरोना महामारी से बचाव के लिए शरीर में प्रतिरोधक क्षमता कहीं कम न हो जाए इसकी चिंता। लोगों की इसी परेशानी को कुछ कम करने के लिए मनीष कुमार शर्मा पिछले दो साल से आर्गेनिक सब्जियों के अलावा कुछ ऐसे औषधीय पौधे उगा रहे हैं, जिसका इस्तेमाल यदि सही मात्रा में सेब और संतरे के जूस के साथ किया जाए तो न सिर्फ वजन को कम किया जा सकता है। बल्कि शरीर में प्रतिरोधक क्षमता को बढ़ाया जा सकता है। इसके लिए मनीष यूरोपीय पौधे केल और पासर्ले की आर्गेनिक खेती कर रहे हैं। जिसके लिए उनके चाचा डा. विनोद कुमार का मार्गदर्शन भी उन्हें मिल रहा है।

सुपरटेक पामग्रीन निवासी मनीष कुमार शर्मा पेशे से इंजीनियर है, उन्होंने वर्ष 2009 में हैदराबाद में माइक्रोसाफ्ट कंपनी से अपने करियर की शुुरुआत की, और साल 2017 में वह नौकरी छोड़कर कर मेरठ वापस आ गए। बचपन से ही खेती में रूचि रखने वाले मनीष ने चाचा विनोद कुमार के मार्गदर्शन में ग्राम छज्जेपुर में आर्गेनिक खेती की शुरुआत की। जिससे लोगों को बिना केमिकल वाली सब्जी और फल मुहैया करवाए जा सकें। इसके बाद उन्होंने विदेशी फल और सब्जियों को उगाना शुरू किया। इसी में शामिल है। यूरोपीय केल और पासर्ले जिसकी कुछ पत्तियां यदि खाली पेट सुबह जूस के साथ पी जाए तो तेजी से यह शरीर करे डिटाक्स करती हैं।

स्वाद और सेहत साथ-साथ

मनीष बताते हैं कि उन्होंने टमाटर, धनिया, पुदीना, शिमला मिर्च, खीरा, पालक, मटर, लौकी, बैंगन और भिंडी को बिना किसी केमिकल की सहायता से उगाया। हम फसल को कीड़ा लगने या खराब होने पर पारंपरिक तरीकों से दूर करने की कोशिश करते है, और सब्जी-फलों को आर्गेनिक तरीके से उगाया जाता है। यदि इसके बावजूद भी फसल खराब होती है, तो पूरी फसल को नष्ट कर दिया जाता है।

सलाद के लिए बढ़ रही है विदेशी सब्जियों की मांग

वजन कम करने के अलावा लोग अब हर मौसम में सलाद खाना पसंद करते हैं। ऐसे में चाइनीज कैविज, ब्रोकली, चेरी टमाटर, लेमन ग्रास, केल और पासर्ले का इस्तेमाल सलाद में काफी किया जा रहा है। जिन्हें हम आर्गेनिक तरीके से उगा रहे हैं। यह सभी सब्जियां सलाद का स्वाद बढाने के अलावा सेहत से भी भरपूर है। केल से जहां वजन कम करने में सहायक है, वहीं पासर्ले का पेस्ट बनाकर खाने से भी शरीर के अंदर से सभी प्रकार की गंदगी बाहर निकल जाती हैं और शरीर पूरी तरह से साफ हो जाता है।साभार-दैनिक जागरण

आपका साथ – इन खबरों के बारे आपकी क्या राय है। हमें फेसबुक पर कमेंट बॉक्स में लिखकर बताएं। शहर से लेकर देश तक की ताजा खबरें व वीडियो देखने लिए हमारे इस फेसबुक पेज को लाइक करें।

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *